माता श्यामा देवी - सतनाम धर्म

बुधवार, 11 अक्तूबर 2017

माता श्यामा देवी

माता श्यामा देवी
माता श्यामा देवी, आचार्य त्रिभूवन जोशी की धर्मपत्नि व पंडित लालाराम जोशी के पुत्रवधु हैं, इन्होने पांच पुत्रों को जन्म दिया जिनमें न्यायप्रिय सालिक राम जोशी व शांति के संदेशवाहक परमपूज्यनीय मालिक राम जोशी का नाम सतनामियों व सतनाम धर्म के विकास व उत्थान के लिए मुंगेली जिला में सबसे आगे है l


आपके मार्गदर्शन के आधार पर आचार्य हुलेश्वर जोशी संस्थापक आचार्य समाज द्वारा नौ सितंबर सन 2009 को ग्राम विकास योजना-2015 तैयार की गई है l यह ग्राम विकास योजना-2015 अवश्य ही किसी भी ग्राम को विश्व का सर्वश्रेष्ठ व आत्म निर्भर ग्राम बना सकता है ल

आपने ‘‘शिक्षाग्रहण पहले और भोजन ग्रहण नहले’’ का जो संदेश दिया वह सर्वव्याप्त है।

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हम भारत के नागरिकों के लिए भारत का संविधान समस्त विश्व के सारे धार्मिक पुस्तकों से अधिक पूज्यनीय और नित्य पठनीय है। यह हमारे लिए किसी भी ईश्वर से अधिक शक्ति देने वाला धर्मग्रंथ है - हुलेश्वर जोशी

निःशूल्क वेबसाईड - सतनामी एवं सतनाम धर्म का कोई भी व्यक्ति अपने स्वयं का वेबसाईड तैयार करवाना चाहता हो तो उसका वेबसाईड निःशूल्क तैयार किया जाएगा।

एतद्द्वारा सतनामी समाज के लोगों से अनुरोध है कि किसी भी व्यक्ति अथवा संगठन के झांसे में आकर धर्म परिवर्तन न करें, समनामी एवं सतनाम धर्म के लोगों के सर्वांगीण विकास के लिए सतनामी समाज का प्रत्येक सदस्य हमारे लिए अमूल्य हैं।

एतद्द्वारा सतनामी समाज से अपील है कि वे सतनाम धर्म की संवैधानिक मान्यता एवं अनुसूचित जाति के पैरा-14 से अलग कर सतनामी, सूर्यवंशी एवं रामनामी को अलग सिरियल नंबर में रखने हेतु शासन स्तर पर पत्राचार करें।